यहोवा का वचन उसके पास आमोन के पुत्रा यहूदा के राजा योशिरयाह के दिनों में उसके राज्य के तेरहवें वर्ष में पहुंचा।
Cross references
और जब वे मेज पर बैठे ही थे, कि यहोवा का वचन उस नबी के पास पहुंचा, जो दूसरे को लौटा ले आया था।
तब साधारण लोगों ने उन सभों को मार डाला, जिन्हों ने राजा आमोन से द्रोह की गोष्ठी की थी, और लोगों ने उसके पुत्रा योशिरयाह को उसके स्थान पर राजा किया।
जब योशिरयाह राज्य करने लगा तब वह आठ वर्ष का था, और यरूशलेम में इकतीस वर्ष तक राज्य करता रहा।
तब यहोवा का यह वचन मेरे पास पहुंचा,
और यहोवा का यह वचन मेरे पास पहुंचा, हे यिर्मयाह, तुझे क्या दिखाई पड़ता है? मैं ने कहा, मुझे बादाम की एक टहनी दिखाई पड़ती है।
आमोन के पुत्रा यहूदा के राजा योशिरयाह के राज्य के तेरहवें वर्ष से लेकर आज के दिन तक अर्थात् तेईस वर्ष से यहोवा का वचन मेरे पास पहुंचता आया हे; और मैं उसे बड़े यत्न के साथ तुम से कहता आया हूँ; परन्तु तुम ने उसे नहीं सुना।
एक पुस्तक लेकर जितने वचन मैं ने तुझ से योशिरयाह के दिनों से लेकर अर्थात् जब मैं तुझ से बातें करने लगा उस समय से आज के दिन तक इस्राएल और यहूदा और सब जातियों के विषय में कहे हैं, सब को उस में लिख।
यहूदा के राजा उज्जियाह, योताम, आहाज, और हिजकिरयाह के दिनों में और इस्राएल के राजा योआश के पुत्रा यारोबाम के दिनों में, यहोवा का वचन बेरी के पुत्रा होशे के पास पहुंचा।।
यहोवा का यह वचन अमितै के पुत्रा योना के पास पहुंचा,
यहोवा का वचन, जो यहूदा के राजा योताम, आहाज और हिजकिरयाह के दिनों में मीका मोरेशेती को पहुंचा, जिस को उस ने शोमरोन और यरूशलेम के विषय में पाया।।
आमोन के पुत्रा यहूदा के राजा योशिरयाह के दिनों में, सपन्याह के पास जो हिजकिरयाह के पुत्रा अमर्याह का परपोता और गदल्याह का पोता और कूशी का पुत्रा था, यहोवा का यह वचन पहुंचा: